प्राणायाम
प्राणायाम
| उज्जयी | यह इस श्वास अभ्यास के दौरान उत्पन्न होने वाली ध्वनि है। |
| शीतली | “शीतली” का मतलब है “ठंडक देने वाला” या “आराम पहुँचाने वाला”। शीतली प्राणायाम जैसी योग की साँस लेने की तकनीकें शरीर को ठंडा रखने और मन को शांत करने के लिए इस्तेमाल की जाती हैं। शीतली प्राणायाम करते समय, जीभ को गोल किया जाता है और उसके ज़रिए स्ट्रॉ की तरह साँस अंदर ली जाती है। |
| शीतकारी | सितकारी एक संस्कृत शब्द है, जिसका अर्थ है “घूँट भरना” या “फुफकारना”। अभ्यास करते समय दाँतों को बंद रखकर मुँह से साँस अंदर खींचें। |
| Bhramari | भ्रमरी प्राणायाम, जिसे “योगिक श्वास” भी कहा जाता है, प्राणायाम करते समय एक हल्की गुनगुनाहट उत्पन्न करने की क्रिया है।
संस्कृत में, “भ्रमरी” शब्द “भ्रमर” से लिया गया है, जिसका अर्थ है “गुनगुनाती काली मधुमक्खी”। |


