आर्थिक बोझ

आर्थिक बोझ

3. आर्थिक बोझ

  • गैर-संचारी रोगों के इलाज में बार-बार अस्पताल जाना, जीवन भर दवाइयां और जांचें शामिल होती हैं, जो आर्थिक रूप से भारी पड़ती हैं।

4. उम्र, लिंग और असमानता के पैटर्न

  • गैर-संचारी रोग मुख्य रूप से अधेड़ उम्र और बुजुर्ग लोगों को प्रभावित करते हैं, लेकिन इनके जोखिम कारक अक्सर जीवन में जल्दी शुरू हो जाते हैं।
  • शराब, तंबाकू और खान-पान से जुड़े गैर-संचारी रोगों से पुरुषों की मृत्यु दर अधिक होती है।
  • महिलाओं में शारीरिक गतिविधि की कमी से जुड़े गैर-संचारी रोगों का बोझ अधिक होता है।
  • बुजुर्गों में (खासकर 80 वर्ष से अधिक उम्र वालों में) समय के साथ बीमारी का बोझ सबसे तेज़ी से बढ़ता है।

Funded By

Collaborators

Contact Number

Address

321, 322 & 323 Third Floor Somdatt Chamber – 2, 9 Bhikaji Cama Place, New Delhi Delhi – 110066